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Tuesday, 18 August 2026
टेक

जिम ट्रेनर हिडन कैमरा कांड अजमेर किशनगढ़

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Komal
संवाददाता
📅 17 May 2026, 6:15 AM ⏱ 1 मिनट 👁 1.2K views
जिम ट्रेनर हिडन कैमरा कांड अजमेर किशनगढ़
📷 aarpaarkhabar.com

अजमेर के किशनगढ़ इलाके में एक बेहद चिंताजनक मामला सामने आया है। यहां एक जिम ट्रेनर पर महिलाओं के अश्लील वीडियो बनाकर ब्लैकमेल करने का गंभीर आरोप लगा है। इस कांड की शुरुआत तब हुई जब आरोपी की पत्नी को उसके मोबाइल फोन में आपत्तिजनक और अश्लील वीडियो मिले। इसके बाद पत्नी ने तुरंत मदनगंज पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस की कार्रवाई के बाद यह बात सामने आई कि ट्रेनर न केवल जिम में बल्कि अपने घर में भी हिडन कैमरे लगाकर महिलाओं के निजी पलों को रिकॉर्ड कर रहा था। यह मामला सामाजिक सुरक्षा और गोपनीयता के उल्लंघन का एक गंभीर उदाहरण है जो समाज को झकझोर देने वाला है।

जिम में लगे हिडन कैमरे

आरोपी जिम ट्रेनर ने अपनी सुविधा के हिसाब से जिम के विभिन्न स्थानों पर चतुराई से हिडन कैमरे लगा रखे थे। ये कैमरे इस तरह से छिपाए गए थे कि किसी को संदेह तक नहीं होता था। महिलाएं जब जिम में व्यायाम करने जाती थीं, तो बेखबर रहते हुए उनकी निजी और संवेदनशील क्षणों को रिकॉर्ड किया जा रहा था। यह एक सुनियोजित षड्यंत्र था जो कई महीनों से चल रहा था। ट्रेनर ने अपनी इस अनैतिक गतिविधि को इतने धीरे-धीरे अंजाम दिया कि किसी को पता ही नहीं चल पाया। लेकिन जब तक बात सामने आई, तब तक उसके पास महिलाओं के दर्जनों अश्लील वीडियो मौजूद थे।

पुलिस की प्रारंभिक जांच से पता चला है कि जिम में कम से कम पांच से छह स्थानों पर कैमरे लगाए गए थे। इन कैमरों को इस तरह से स्थापित किया गया था कि वे बिल्कुल छिपे हुए थे और सामान्य दृष्टि से नजर नहीं आते थे। ये कैमरे बेहद आधुनिक तकनीक के थे और वायरलेस तरीके से काम कर रहे थे। आरोपी हर दिन इन कैमरों से मिलने वाली फुटेज को अपने मोबाइल या अन्य डिवाइस पर सीधे देख सकता था। इसी वजह से उसके पास का डिजिटल सबूत पुलिस के लिए काफी महत्वपूर्ण साबित हो रहा है।

घर में भी ब्लैकमेलिंग की तैयारी

सबसे गंभीर बात यह है कि आरोपी ने अपने घर में भी हिडन कैमरे लगाए हुए थे। इसका मतलब यह है कि वह इन वीडियो का उपयोग ब्लैकमेलिंग के लिए करना चाहता था। पुलिस को ऐसे प्रमाण मिले हैं जो साफ इशारा करते हैं कि ट्रेनर ने कुछ महिलाओं को पहले ही ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया था। उसके घर में विभिन्न कोणों से कैमरे लगाए गए थे, जिससे लगता है कि वह यहां और भी गंभीर काम कर रहा था। इस बात की आशंका है कि घर के कैमरों के जरिए वह अपनी पत्नी के अलावा अन्य महिलाओं के साथ अनैतिक संबंध रखते समय उन्हें रिकॉर्ड कर रहा था।

मदनगंज पुलिस स्टेशन के प्रभारी के अनुसार, आरोपी के घर से जब्त किए गए डिवाइसेस में सैकड़ों अश्लील वीडियो मिले हैं। इन वीडियो को बनाने में कम से कम एक साल का समय लगा लगता है। इसका मतलब यह है कि यह अपराध काफी समय से चल रहा था। पत्नी को यह सब कुछ पता नहीं था और वह पूरी तरह अंधेरे में थी। जब उसे आरोपी के मोबाइल में ये वीडियो मिले, तो उसे अहसास हुआ कि उसका जीवन साथी कितना गिरा हुआ इंसान है।

पुलिस की गहन जांच और कार्रवाई

अजमेर पुलिस ने इस मामले को बेहद गंभीरता से लिया है। मदनगंज थाने में दर्ज शिकायत के आधार पर पुलिस ने तुरंत जिम ट्रेनर के खिलाफ मामला दर्ज किया। पुलिस ने सबसे पहले आरोपी के जिम और घर दोनों जगहों से सभी इलेक्ट्रॉनिक उपकरण, डीवीआर सिस्टम और मोबाइल डिवाइस जब्त कर लिए। ये सभी उपकरण अब फॉरेंसिक जांच के दायरे में हैं। डिजिटल फॉरेंसिक विशेषज्ञों की टीम इन उपकरणों से सभी डेटा निकालने का काम कर रही है।

पुलिस के अनुसार, इस मामले में कई धाराओं के तहत आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। भारतीय दंड संहिता की धारा 354 (महिलाओं के साथ छेड़छाड़), धारा 509 (महिलाओं की गरिमा को ठेस पहुंचाना), सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम 2000 की धारा 67 (अश्लील सामग्री का वितरण) और अन्य प्रासंगिक धाराओं के तहत मामला बनाया जा रहा है। यदि ब्लैकमेलिंग की बात साबित होती है, तो आरोपी को अतिरिक्त गंभीर अपराधों के लिए भी दोषी ठहराया जाएगा।

वर्तमान में पुलिस पीड़ित महिलाओं की पहचान कर उनसे बयान लेने का काम कर रही है। कई महिलाएं शर्मिंदगी और भय के कारण पुलिस के पास नहीं जा रही हैं। पुलिस ने ऐसी महिलाओं से अपील की है कि वे आगे आएं और अपनी शिकायत दर्ज कराएं। यह मामला न केवल कानूनी दृष्टि से महत्वपूर्ण है, बल्कि सामाजिक जागरूकता का भी एक मुद्दा है। इस तरह के अपराधों को रोकने के लिए सार्वजनिक स्थानों पर निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने की आवश्यकता है। यह घटना हमें याद दिलाती है कि महिलाओं की सुरक्षा और गोपनीयता की रक्षा करना कितना महत्वपूर्ण है।