यूपी में खतरनाक लू की चेतावनी, रात में भी नहीं मिलेगी राहत
उत्तर प्रदेश में लू की भयंकर चेतावनी
भारत मौसम विभाग ने उत्तर प्रदेश के कई जिलों के लिए 21 मई को गंभीर चेतावनी जारी की है। इस दिन प्रदेश के बांदा, प्रयागराज, कानपुर, आगरा, झांसी, नोएडा और गाजियाबाद समेत कई इलाकों में तेज लू चलने की संभावना है। मौसम विभाग की ओर से दी गई चेतावनी के अनुसार यह लू काफी खतरनाक साबित हो सकती है। दिन के समय तापमान 45 डिग्री सेल्सियस से ऊपर जा सकता है, जो आम लोगों के लिए बेहद मुश्किल साबित होगा।
यह गर्मी की लहर केवल दिन तक सीमित नहीं रहेगी। रातों का तापमान भी सामान्य से काफी ऊंचा रहने वाला है, जिससे लोगों को रात में भी राहत नहीं मिल पाएगी। ऐसे में बुजुर्ग, बच्चों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं वाले लोगों के लिए यह समय बेहद गंभीर साबित हो सकता है। मौसम विभाग ने सभी जिलों के प्रशासन को इस दौरान विशेष सतर्कता बरतने के लिए कहा है।
प्रभावित जिलों में जनता को सतर्क रहने की सलाह
मौसम विभाग ने प्रभावित सभी जिलों में आम जनता को कई सलाहें दी हैं। बांदा जिले में लू का असर सर्वाधिक हो सकता है, जहां तापमान 46-47 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है। प्रयागराज शहर में भी अत्यधिक गर्मी की चेतावनी दी गई है, जहां गंगा के किनारे रहने वाले लोग भी इससे प्रभावित होंगे।
कानपुर जिले में औद्योगिक क्षेत्रों में अतिरिक्त ताप के कारण तापमान और भी बढ़ सकता है। आगरा शहर, जहां पर्यटन का अधिक महत्व है, वहां भी इस लू से काफी परेशानी होने वाली है। झांसी और बुंदेलखंड के अन्य क्षेत्रों में भी समान चेतावनी जारी की गई है। राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र के नोएडा और गाजियाबाद में भी लू की मार पड़ने वाली है।
मौसम विभाग ने सलाह दी है कि लोग दिन के समय घर से बाहर निकलने से बचें। जरूरी काम हो तो सुबह 6 बजे से पहले या शाम 6 बजे के बाद निपटाएं। खूब सारा पानी पिएं और हल्के, ढीले कपड़े पहनें। अपने घर की छत को सफेद पेंट से रंगवाएं, जिससे धूप की किरणें प्रतिफलित हों। बालकनी और खिड़कियों पर बोरे तानें ताकि अंदर का तापमान कम रहे।
आने वाले दिनों में मौसम में बदलाव की संभावना
मौसम विभाग के अनुसार यह भीषण गर्मी लगातार नहीं रहेगी। 22 मई से मौसम में कुछ उतार-चढ़ाव आने वाले हैं। 23 और 24 मई को उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में बादलों के आने की संभावना है। इसके बाद आने वाले सप्ताह में मानसून की सुगबुगाहट दिख सकती है।
हालांकि, मई का यह समय साल का सबसे गर्म समय होता है। इसी अवधि में देश के विभिन्न हिस्सों में तापमान रिकॉर्ड टूटते हैं। उत्तर प्रदेश में भी पिछले कई सालों में मई के दूसरे-तीसरे सप्ताह में भयंकर लू देखी गई है, जिसमें सैकड़ों लोग की जानें गई हैं।
इस बार मौसम विभाग ने समय रहते चेतावनी जारी कर दी है, जिससे प्रशासन और आम जनता दोनों तैयारी कर सकें। स्वास्थ्य विभाग ने सभी सरकारी और निजी अस्पतालों को हीट स्ट्रोक के मामलों के लिए तैयार रहने के निर्देश दिए हैं। जिलों में विशेष लू राहत केंद्र खोले जा रहे हैं।
जनता के लिए महत्वपूर्ण सावधानियां
मौसम विभाग और स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से निम्नलिखित सावधानियां बरतने को कहा है। सबसे पहले, दिन के समय घर से बाहर निकलें तो हल्के रंग की टोपी, चश्मा और छतरी अवश्य साथ रखें। पानी की बोतल सर्वदा अपने साथ रखें और नियमित अंतराल पर पानी पिएं। नमक और चीनी मिला हुआ पानी, छाछ, नारियल का पानी और तरबूज का जूस लें।
भारी और तैलीय खान-पान से बचें। फल, सब्जियां और हल्का भोजन करें। दोपहर के 12 बजे से 4 बजे तक घर में ही रहें। बुजुर्गों, बच्चों और गर्भवती महिलाओं का विशेष ख्याल रखें। किसी को बुखार, चक्कर आना, उल्टी जैसे लक्षण दिखें तो तुरंत चिकित्सक से संपर्क करें। जानवरों के लिए भी ठंडी छाया, पानी और हल्का भोजन व्यवस्था करें।
मई की इस भीषण गर्मी से बचाव ही सर्वोत्तम उपाय है। समाज के सभी वर्गों को मिलकर एक दूसरे की मदद करनी चाहिए। पड़ोसियों, विशेषकर अकेले बुजुर्गों का ख्याल रखें। इस कठिन समय में सभी को सावधान रहना चाहिए और मौसम विभाग द्वारा दी गई सलाहों का पालन करना चाहिए।




