LoC पर पाकिस्तान का संघर्षविराम उल्लंघन, भारत ने दिया करारा जवाब
जम्मू-कश्मीर के राजोरी जिले में नियंत्रण रेखा (LoC) पर एक बार फिर पाकिस्तान ने संघर्षविराम समझौते का उल्लंघन करते हुए गोलीबारी की है। इस नापाक हरकत के तुरंत बाद भारतीय सेना ने अपनी तत्परता का परिचय देते हुए तीव्र और प्रभावी जवाबी कार्रवाई की है। सूत्रों के अनुसार, यह घटना आज सुबह के समय सामने आई जब पाकिस्तानी सेना ने सीमावर्ती इलाकों में अचानक गोलीबारी शुरू कर दी।
भारतीय सेना की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि सीमावर्ती क्षेत्रों में सुरक्षा को लेकर पूरी सतर्कता बरती जा रही है। घटना के तुरंत बाद राजोरी सेक्टर में अलर्ट जारी कर दिया गया है और सभी सशस्त्र बलों को उच्च सतर्कता पर रखा गया है। यह दूसरी बार है इसी महीने में जब पाकिस्तान ने LoC पर गोलीबारी की घटना को अंजाम दिया है।
पाकिस्तान की नापाक हरकत और भारतीय सेना की प्रतिक्रिया
राजोरी के सीमावर्ती इलाकों में आज तड़के लगभग पाँच बजे के आसपास पाकिस्तानी सेना की ओर से अचानक और निरंतर गोलीबारी शुरू की गई। यह हमला अचानक और बिना किसी चेतावनी के था, जो पाकिस्तान की ओर से एक सोची-समझी नीति का प्रतीक है। स्थानीय निवासियों के अनुसार, गोलीबारी की आवाजें काफी तेज थीं और इसकी गूँज पूरे इलाके में सुनाई दी।
भारतीय सेना के जवानों ने इस हमले का तुरंत जवाब दिया और अपनी सक्षमता का प्रदर्शन करते हुए तीव्र जवाबी फायरिंग की। सेना की ओर से कड़ी प्रतिक्रिया के बाद पाकिस्तानी पक्ष की गतिविधियां कुछ समय बाद शांत हो गईं। प्रारंभिक रिपोर्टों में कहा गया है कि भारतीय पक्ष से कोई हताहत नहीं हुआ है। सेना के अधिकारियों ने इस पूरी घटना पर पूर्ण नियंत्रण बनाए रखा।
राजोरी के जिला प्रशासन ने तुरंत इस मामले की जानकारी सभी संबंधित विभागों को दी और लोगों से घरों के अंदर रहने का आग्रह किया। सीमावर्ती गाँवों में रहने वाले नागरिकों को सलाह दी गई कि वे अनावश्यक बाहर न निकलें और सुरक्षा सावधानियों का पालन करें। स्कूल और सार्वजनिक स्थानों पर तत्काल सावधानियां बरती गईं।
पाकिस्तान के बार-बार उल्लंघन और अंतर्राष्ट्रीय नियमों का उल्लंघन
पिछले कुछ महीनों में यह पाकिस्तान की ओर से LoC पर संघर्षविराम समझौते का बार-बार उल्लंघन करने का मामला है। दोनों देशों के बीच वर्ष २००३ में एक संघर्षविराम समझौता हुआ था, जिसके तहत सीमावर्ती क्षेत्रों में गोलीबारी नहीं की जानी चाहिए। लेकिन पाकिस्तान लगातार इस समझौते की अवहेलना कर रहा है।
भारत सरकार और भारतीय सेना पाकिस्तान के इन कार्यों के प्रति गंभीर चिंता व्यक्त कर चुकी है। विदेश मंत्रालय ने पाकिस्तान को कूटनीतिक मार्ग से भी इस बारे में आगाह किया है, लेकिन पाकिस्तान इन चेतावनियों पर कोई ध्यान नहीं दे रहा। अंतर्राष्ट्रीय मंचों पर भी भारत ने पाकिस्तान के इस रवैये की निंदा की है।
भारतीय सेना की सतर्कता और रक्षा तंत्र
भारतीय सेना की राजोरी सेक्टर में मौजूद इकाइयाँ पूरी तरह सतर्क और सक्षम हैं। सेना के उच्च अधिकारियों ने कहा है कि सीमावर्ती क्षेत्रों में २४ घंटे निगरानी की जा रही है। किसी भी प्रकार की संदिग्ध गतिविधि का तुरंत पता लगाया जाता है और उसका जवाब दिया जाता है। सैनिकों को नियमित रूप से प्रशिक्षण दिया जाता है ताकि किसी भी आकस्मिक स्थिति से निपटा जा सके।
राजोरी में तैनात जवान अपने कर्तव्य के प्रति पूरी तरह समर्पित हैं। सेना के प्रवक्ता ने कहा है कि भारतीय सेना के पास पाकिस्तान के किसी भी प्रकार के हमले का जवाब देने की पूरी क्षमता और इच्छा है। सेना की तैयारी इस बात का प्रमाण है कि आज की घटना में भारत ने तुरंत जवाबी कार्रवाई कर दी।
कश्मीर के सीमावर्ती इलाकों में रहने वाले लोगों को भारतीय सेना पर पूरा विश्वास है। नागरिकों का मानना है कि सेना हर परिस्थिति में उनकी सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देती है। राजोरी जिले के प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है और वहाँ के निवासियों को चिंता करने की कोई बात नहीं है।
इस घटना के बाद दिल्ली में विदेश कार्यालय में मीटिंग बुलाई गई है। भारतीय राजनयिकों ने पाकिस्तान के इस कदम की तीव्र निंदा की है। सरकार ने स्पष्ट संदेश दिया है कि यदि पाकिस्तान ऐसी हरकतें जारी रखेगा तो भारत उसे उचित जवाब देने से नहीं हिचकिचाएगा। भारत की नीति हमेशा से यही रही है कि वह बिना किसी भेदभाव के अपनी सीमाओं की रक्षा करेगा।




