अमेरिका में भीषण गर्मी: 40 डिग्री तापमान
अमेरिका के विशाल क्षेत्र में इस सप्ताह भीषण गर्मी और घनी उमस का भयंकर कहर देखने को मिलने वाला है। राष्ट्रीय मौसम सेवा की चेतावनी के अनुसार देश के कई बड़े शहरों में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से भी अधिक हो सकता है। वहीं उमस की वजह से लोगों को इससे भी ज्यादा गर्मी का अहसास होगा। इस तरह की चरम मौसम की स्थितियां जनता के लिए गंभीर खतरे पैदा कर सकती हैं।
मौसम विभाग ने अलर्ट जारी करते हुए कहा है कि आने वाले कुछ दिनों में उच्च तापमान और आर्द्रता से संबंधित समस्याएं बढ़ेंगी। विभिन्न राज्यों में हीट इंडेक्स 46 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है, जिससे लोगों की परेशानी में इजाफा होगा। इस तरह की परिस्थितियां विशेषकर बुजुर्ग लोगों, बच्चों और स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रहे व्यक्तियों के लिए बेहद खतरनाक साबित हो सकती हैं।
उमस और गर्मी की वजह से स्वास्थ्य संबंधी खतरे
भीषण गर्मी और उमस का यह संयोजन मानव शरीर के लिए अत्यंत हानिकारक हो सकता है। इस तरह के मौसम में हीट स्ट्रोक, डिहाइड्रेशन और अन्य तरह की गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का खतरा काफी बढ़ जाता है। अत्यधिक गर्मी में शरीर की तापमान नियंत्रण प्रणाली सही तरीके से काम नहीं कर पाती है, जिससे विभिन्न जटिलताएं उत्पन्न होती हैं।
मौसम विभाग के विशेषज्ञों ने बताया है कि इस सप्ताह के अंत तक परिस्थितियां और भी गंभीर हो सकती हैं। न्यूयॉर्क, लॉस एंजिलिस, शिकागो और डलास जैसे प्रमुख शहरों में रिकॉर्ड तोड़ने वाली गर्मी देखी जा सकती है। ये शहर पहले भी चरम तापमान का सामना कर चुके हैं, लेकिन इस बार की गर्मी और भी खतरनाक हो सकती है।
डॉक्टरों ने चेतावनी दी है कि गर्मी से संबंधित बीमारियों के मामले इस अवधि में कई गुना बढ़ सकते हैं। आपातकालीन कक्षों में ऐसे रोगियों की भीड़ बढ़ने की संभावना है जो डिहाइड्रेशन, थकावट और हीट स्ट्रोक से पीड़ित होंगे। इसलिए लोगों को अपना खास ख्याल रखने की आवश्यकता है।
सावधानियां और सुझाव जो अपनाने चाहिए
राष्ट्रीय मौसम सेवा और स्वास्थ्य विभाग ने जनता को कई महत्वपूर्ण सलाहें दी हैं। सबसे पहली और सबसे महत्वपूर्ण सलाह है कि दिन के सबसे गर्म समय, यानी दोपहर 10 बजे से शाम 4 बजे तक धूप में बाहर निकलने से बचें। अगर बाहर जाना भी पड़े तो हल्के रंग के सूती कपड़े पहनें और धूप से बचाव के लिए टोपी और चश्मा का उपयोग करें।
हर व्यक्ति को नियमित रूप से पानी पीना चाहिए, भले ही प्यास न लगी हो। शरीर को हाइड्रेटेड रखना चरम मौसम में जीवित रहने की कुंजी है। कोई भी व्यक्ति कभी भी अकेले कार में, खासकर खिड़कियां बंद करके नहीं बैठना चाहिए। ऐसी स्थितियों में कार का आंतरिक तापमान घातक स्तर तक पहुंच सकता है।
घरों में एयर कंडीशनर का उपयोग करें या किसी ठंडी जगह पर समय बिताएं। बुजुर्ग लोगों और बीमारों की नियमित जांच करें। शारीरिक व्यायाम और खेल-कूद को कम करें या रात के समय करें। भारी, तैलीय और मसालेदार भोजन से बचें और ताजे फल तथा सब्जियों का सेवन करें।
मौसम विभाग की संपूर्ण चेतावनी और सरकारी कदम
राष्ट्रीय मौसम सेवा ने अपनी नवीनतम रिपोर्ट में बताया है कि यह गर्मी की लहर पश्चिमी अमेरिका से शुरू होकर मध्य और पूर्वी क्षेत्रों तक फैलने वाली है। अगले सात दिनों में अधिकांश क्षेत्रों में तापमान सामान्य से 15 से 20 डिग्री अधिक रहेगा। यह स्थिति विद्युत आपूर्ति पर भी दबाव डाल सकती है क्योंकि लोग अपने एयर कंडीशनर को अधिकतम क्षमता पर चलाएंगे।
कई राज्यों की सरकारों ने पहले से ही आपातकालीन सेवाएं सक्रिय कर दी हैं। समुदाय के केंद्रों में शीतल विश्राम स्थल खोले जा रहे हैं जहां लोग दिन के दौरान ठंडक में समय बिता सकते हैं। विद्युत कंपनियों ने भी उपभोक्ताओं को बिजली बचाने की अपील की है ताकि बिजली की कमी न हो।
स्वास्थ्य अधिकारियों ने सावधानी बरतने के लिए विशेष रूप से कमजोर आबादी को निशाना बनाया है। बेघर लोगों, मानसिक स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रहे व्यक्तियों और गरीब समुदायों को विशेष ध्यान दिया जा रहा है। सामाजिक संगठन और स्वयंसेवकों की टीमें जरूरतमंद लोगों तक पानी और भोजन पहुंचा रहे हैं।
यह भीषण गर्मी की लहर अमेरिका में जलवायु परिवर्तन के बढ़ते प्रभाव का एक उदाहरण है। विशेषज्ञ आने वाले वर्षों में ऐसी चरम मौसम संबंधी घटनाओं की संख्या में वृद्धि की चेतावनी दे रहे हैं। इसलिए व्यक्तिगत स्तर पर और समाज स्तर पर इस तरह की स्थितियों के लिए तैयार रहना महत्वपूर्ण है।




