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Wednesday, 19 August 2026
स्वास्थ्य

लखनऊ में सावन महोत्सव पर झूला टूटा, 5 घायल

लखनऊ के इंदिरानगर में सावन महोत्सव के दौरान झूले का बकेट टूटकर गिरा। तीन भाई-बहन सहित 5 लोग घायल हुए। सभी को अस्पताल में भर्ती कराया गया।

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Komal
संवाददाता
📅 19 August 2026, 6:30 AM ⏱ 1 मिनट 👁 625 views
लखनऊ में सावन महोत्सव पर झूला टूटा, 5 घायल
📷 aarpaarkhabar.com

लखनऊ के इंदिरानगर इलाके में सावन महोत्सव की धूमधाम के बीच एक भयानक हादसा सामने आया है। एक झूले का बकेट अचानक ही टूटकर नीचे गिर गया, जिससे पांच लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। इन घायलों में तीन सगे भाई-बहन भी शामिल हैं। यह घटना तब घटी जब परिवार के लोग सावन का पर्व मनाते हुए मेले में झूला झूल रहे थे।

हादसे की घटना को लेकर स्थानीय प्रशासन ने तुरंत कार्रवाई की है। घायलों को पास के सुषमा अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज जारी है। हादसे में घायल लोगों की स्थिति को लेकर अस्पताल के डॉक्टरों ने कहा है कि उनकी जान को कोई गंभीर खतरा नहीं है, लेकिन कुछ लोगों को चोटें आई हैं जिनका इलाज चल रहा है।

हादसे के समय की घटना

सूत्रों के अनुसार, हादसा लगभग शाम के समय हुआ था जब अंकिता सिंह अपने भाई सूर्या और बहन नैंसी के साथ झूला झूल रही थीं। झूले पर सवार होने वाले बाकी लोगों में भी इलाके के कुछ अन्य बच्चे और किशोर शामिल थे। अचानक ही झूले का बकेट, जिसमें लोग बैठे हुए थे, टूटकर नीचे गिर गया। इस अचानक गिरने से लोग जमीन पर पड़ गए और उन्हें गंभीर चोटें आईं।

घटना को देखने वाले लोगों ने तुरंत इलाके के लोगों को आवाज दी और प्रशासन को सूचित किया। लोगों की मदद से घायलों को तुरंत ही अस्पताल पहुंचाया गया। इस दौरान भीड़ में काफी हड़कंप मच गया और लोग चिंतित हो उठे। परिवार के सदस्यों की चिंता और घबराहट का आलम यह था कि वे बार-बार भैया को रोकने के लिए कहते रहे, लेकिन तब तक हादसा हो चुका था।

स्थानीय प्रशासन की कार्रवाई

इस भयानक घटना के बाद लखनऊ के स्थानीय प्रशासन ने तुरंत कार्रवाई की है। इंदिरानगर थाने के पुलिस ने इस घटना को लेकर एक रिपोर्ट दर्ज की है। पुलिस के अनुसार, वे झूले के मालिक और संचालक की तह तक पहुंचने के लिए जांच कर रहे हैं कि क्या झूले की रक्षा और सुरक्षा संबंधी नियमों का पालन किया गया था।

जिला प्रशासन ने भी इस घटना को गंभीरता से लिया है। जिले के अधिकारियों ने मेलों और सार्वजनिक स्थानों पर झूलों और अन्य सवारी की सुरक्षा जांच के आदेश दिए हैं। प्रशासन का कहना है कि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए कड़े नियम लागू किए जाएंगे। सभी मेलों में झूलों का नियमित निरीक्षण किया जाएगा और अगर कोई झूला खतरनाक स्थिति में पाया जाएगा तो उसे तुरंत बंद कर दिया जाएगा।

सुरक्षा के प्रति जागरूकता की जरूरत

इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना ने एक बार फिर से यह साबित कर दिया है कि मेलों और धार्मिक समारोहों में सुरक्षा कितनी महत्वपूर्ण है। सावन महोत्सव का पर्व भले ही खुशियों और धार्मिक भावना से जुड़ा हो, लेकिन यह कभी नहीं भूलना चाहिए कि सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जानी चाहिए।

झूलों और अन्य सवारियों के संचालकों को चाहिए कि वे नियमित रूप से उपकरणों की जांच करें। तार, बकेट, रस्सियां और अन्य पुर्जे जो झूले का आधार बनाते हैं, उन्हें नियमित रूप से बदलना चाहिए। किसी भी खराबी या पहनने के संकेत दिखते ही उन्हें तुरंत ठीक किया जाना चाहिए।

घायलों के परिवार के सदस्य भी इस घटना से काफी आहत हैं। तीनों भाई-बहनों के माता-पिता हर समय अस्पताल में अपने बच्चों की सेवा करते दिख रहे हैं। अस्पताल के डॉक्टरों ने आश्वस्त किया है कि सभी घायल जल्द ही ठीक हो जाएंगे।

यह घटना स्थानीय लोगों के लिए एक सबक है कि जब भी किसी मेले या धार्मिक समारोह में झूला या अन्य सवारियों का उपयोग करें, तो पहले उन्हें ध्यान से देखें। अगर कोई संदेह हो तो उपयोग न करें। सुरक्षा ही सर्वोत्तम विकल्प है। लखनऊ प्रशासन को उम्मीद है कि यह घटना लोगों को सुरक्षा के प्रति जागरूक करेगी और भविष्य में ऐसी दुर्घटनाएं नहीं होंगी।